पहले चीन पर थे निर्भर अब अन्य देशों को PPE किट निर्यात कर रहा भारत

कोरोना वायरस की वजह से अब भारत आत्मनिर्भर होने की बात करता है और भारत इसे चरितार्थ भी कर रहा है। तभी तो जिस पीपीई किट को भारत कभी चीन से खरीदता था, आज उसी पीपीई किट को भारत दुनिया के अन्य देशों निर्यात करेगा

पहले चीन पर थे निर्भर अब अन्य देशों को PPE किट निर्यात कर रहा भारत
PPE Kit

कोरोना वायरस की वजह से अब भारत आत्मनिर्भर होने की बात करता है और भारत इसे चरितार्थ भी कर रहा है। तभी तो जिस पीपीई किट को भारत कभी चीन से खरीदता था, आज उसी पीपीई किट को भारत दुनिया के अन्य देशों निर्यात करेगा, इसके लिए सरकार ने हरी झंडी दे दी है। मार्च के पहले भारत में क्लास-3 लेवल के पीपीई किट नहीं बनते थे, लेकिन मोदी सरकार के आत्म निर्भर अभियान ने इस स्थिति को बदल दी है, अब भारत इतना पीपीई किट बना रहा है, जिससे न सिर्फ उसकी जरुरतें पूरी हो रही हैं, बल्कि दुनिया की भी मदद करने जा रहा है। 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कंपनियों से पीपीई किट बनाने का आह्वान किया था, जिसके बाद कंपनियों ने पीपीई किट बनानी शुरु कर दी। हाल यह है कि मात्र दो महीने में पीपीई किट बनाने  के मामले में भारत दुनिया में दूसरे पायदान पर पहुंच गया है। भारत अब विश्व स्वास्थ्य संगठन के मानक वाले पीपीई किट को दुनिया को निर्यात भी करेगा। जब भारत में पीपीई किट का निर्माण शुरु हुआ तब सरकार ने इसके निर्यात पर रोक लगा रखी थी, लेकिन उत्पादन की अधिकता को देखते हुए सरकार ने निर्यात को मंजूरी दे दी है। सरकार के फैसले के बाद हर महीने भारत दुनिया के अन्य देशों को 50 लाख पीपीई किट निर्यात करेगा।

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने ट्विट कर बताया कि मेक इन इंडिया के तहत निर्यात को बढ़ावा देने के लिए कोरोना से बचाब की पीपीई किट के 50 लाख यूनिट हर महीने निर्यात की मंजूरी दे दी है।  बता दें, फरवरी महीने में भारत ने 52,000 किट आयात किया था, लेकिन कोरोना के बढ़ते संक्रमण की वजह देश में पीपीई किट की कमी होने लगी, जिसके बाद भारतीय कंपनियों ने पीपीई किट का निर्माण शुरु किया। भारत में फिलहाल विश्व स्वास्थ्य संगठन के मानक के मुताबिक, 106 मैन्युफैक्चर पीपीई किट बनाने के काम में जुट गए हैं।