एक्शन में सीएम योगी, भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ की सख्त कार्रवाई

शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर कायम रहते हुए तमाम मामलों में दोषी पाए चकबंदी के संयुक्त संचालक रहे अधिकारी की पेंशन कटौती का आदेश जारी कर दिया है।

एक्शन में सीएम योगी, भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ की सख्त कार्रवाई
Yogi Adityanath

अपने सख्त तेवर की वजह से लगातार सुर्खियां बटोरने वाले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जहां कोरोना के खिलाफ जंग में सेनापति की भूमिका में हैं तो वहीं दूसरी ओर भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई में कोई कोर कसर नहीं बरत रहे हैं। शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर कायम रहते हुए तमाम मामलों में दोषी पाए चकबंदी के संयुक्त संचालक रहे अधिकारी की पेंशन कटौती का आदेश जारी कर दिया है। इस फैसले के बाद हर महीने उनकी पेंशन का 10 फीसदी रकम काटी जाएगी। बता दें, वे तृतीय श्रेणी से लेकर चतुर्थ श्रेणी में पदोन्नत के लिए संचालित कंप्यूटर टाइपिंग परीक्षा में बहैसियत सदस्य और चयन समिति के चयन प्रक्रिया में दोषी पाए गए थे। 

इसके अलावा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक और सख्त फैसला लेते हुए 2004 में आगरा में हुई करोड़ो रुपए की वाणिज्यिक कर चोरी के मामले में विभागीय कार्रवाही के आदेश दे दिए हैं। इस मामले में तत्कालीन शिफ्ट प्रभारीगण, असिस्टेंट कमिश्नर व्यापार जोकि इस समय सोनभद्र में वाणिज्य कर एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-2 तथा संयुक्त आयुक्त कार्यपालक वाणिज्य कर मुजफ्फरनगर में कार्यरत हैं।

गौरतलब है, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार भ्रष्टाचार मुक्त उत्तर प्रदेश की बात करते हैं, लेकिन विभाग में तमाम ऐसे अधिकारी हैं, जिन्हें बिना घूस लिए चैन की नींद नहीं आती है। ऐसे में खुद सीएम योगी मोर्चा संभाले हुए हैं। इससे पहले भी वो तमाम भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई कर चुके हैं।